

उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने 2026 में होने वाली नंदा देवी राजजात यात्रा की तैयारियों के लिए आवश्यक निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों को यात्रा की व्यवस्थाओं में तेजी लाने और सभी विभागों के बीच समन्वय बनाने का निर्देश दिया है।
नंदा देवी राजजात यात्रा की मुख्य विशेषताएं:
– *यात्रा का मार्ग:* 280 किमी की ऐतिहासिक यात्रा जिसमें 20 किमी पैदल यात्रा शामिल है
– *यात्रा का समय:* बरसात के समय, भाद्र पक्ष की नंदाष्टमी से शुरू होगी
– *यात्रियों की सुविधाएं:* ठहरने, भोजन, स्नान घर, पेयजल, शौचालय और अन्य मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी
– *सुरक्षा व्यवस्था:* हेल्पलाइन नंबर, मेडिकल कैंप, चिकित्सकों की उपलब्धता और हेली एम्बुलेंस की व्यवस्था की जाएगी
– *पर्यावरण संरक्षण:* वन और पर्यावरण की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखा जाएगा
– *लोक संस्कृति:* नंदा देवी राजजात से संबंधित लोक गीत और लोक कथाओं का अभिलेखीकरण किया जाएगा
तैयारियों की समीक्षा:
– मुख्य सचिव प्रतिमाह तैयारियों की समीक्षा करेंगे
– गढ़वाल और कुमाऊं आयुक्त प्रत्येक सप्ताह तैयारियों की समीक्षा करेंगे
– जन प्रतिनिधियों, नंदा राजजात यात्रा समिति के सदस्यों और हितधारकों के सुझाव लिए जाएंगे
यात्रा के आयोजन:
– प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में नंदा देवी राजजात और हरिद्वार कुंभ का भव्य और दिव्य आयोजन किया जाएगा
– यात्रा के दौरान भीड़ प्रबंधन और यातायात सिस्टम को मजबूत बनाने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की जाएंगी।








